Wednesday, March 16, 2011


न बच कर  निकल पाओगे इस गली से

   कुँवर कुसुमेश 

अजब रंग रंगों में है रंगे-होली,
की बूढ़े-जवां कर रहे हैं ठिठोली.

न बच कर निकल पाओगे इस गली से,
जो कल तक थी शर्मा रही आज बोली.

लिबासों में होते हुए बरहना है,
ग़नीमत है ये,कोई नीयत न डोली.

मुबारक उसे जश्ने-होली हो जिसने,
मुहब्बत के रंगों में रूहें डुबोली.

बड़ा नासमझ है जो होली के दिन भी-
गुनाहों से भीगी ये चादर न धो ली.

हम अहले-वतन एक हैं एक रह कर,
मानते रहेंगे 'कुँवर' ईद-होली.

   *****
   बरहना-निर्वस्त्र, अहले वतन-वतन वाले

89 comments:

  1. holi ki rango se sarovar hai rachna

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  2. बड़ा नासमझ है जो होली के दिन भी-
    गुनाहों से भीगी ये चादर न धो ली.

    आपकी इस गजल में जीवन के सभी रंग दिखाई दे रहे हैं ....समरसता के भाव से रची गयी इस रचना की प्रासंगिकता आज के वातावरण में अपनी सार्थकता को सिद्ध करती है ...आपका आभार इस सुंदर रचना के लिए

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  3. होली तो खुशियों का त्यौहार है । प्रेम और स्नेह बांटने का त्यौहार है । उमंग और उल्लास से सराबोर होली मुबारक हो आपको।

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  4. बड़ा नासमझ है जो होली के दिन भी-
    गुनाहों से भीगी ये चादर न धो ली

    hamesha ki tarah laajwaab rahi aapki shayari..
    holi ki anekon badhaiyaan..!

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  5. rangon se bachker kyun jana ... holi ki shubhkamnayen

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  6. बहुत अच्छा लिखा है सर! आपने.


    सादर

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  7. बड़ा नासमझ है जो होली के दिन भी-
    गुनाहों से भीगी ये चादर न धो ली.
    वाह,वाह,वाह क्या अच्छा शेर कहा है आपने कुसुमेश जी !
    पूरी ग़ज़ल होली के गुलाल में नहाकर खूबसूरत लग रही है !
    होली की अग्रिम बधाई !
    आभार !

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  8. @ न बच पर
    अगर यह टंकण दोशः है तो कृपया इसे ठीक कर लें।

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  9. रंगात्मक रचना के लिए बहुत - बहुत धन्यवाद सर
    और होली कि बहुत - बहुत शुभकामना

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  10. आदरणीय कुसुमेश जी
    नमस्कार !
    ......बहुत सुन्दर आनंद आ गया...

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  11. होली की बहुत बहुत बहुत बहुत शुभकामनाएं

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  12. बड़ा नासमझ है जो होली के दिन भी-
    गुनाहों से भीगी ये चादर न धो ली.
    होली के दिन दिल खिल जाते हैं, रंगों में रंग मिल जाते हैं। ग़िले शिकवे भूल कर दोस्तों दुश्मन भी गले मिल जाते हैं। भाई-चारा, प्रेम और सौहार्द्र का प्रतीक होली पर्व के मर्म को बखूबी समेटे यह ग़ज़ल उत्कृष्ट है।
    हार्दिक शुभकामनाएं --- होली पर्व की।

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  13. आ गई होली...
    बहुत ही बढ़िया है...
    सच लगता है जैसे बाहर कोई रंग ही खेल रहा हो...

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  14. भावमयी प्रस्तुति। होली की हार्दिक शुभकामनाएॅ।

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  15. मुबारक उसे जश्ने-होली हो जिसने,
    मुहब्बत के रंगों में रूहें डुबोली.

    बड़ा नासमझ है जो होली के दिन भी-
    गुनाहों से भीगी ये चादर न धो ली.

    मासूम सा बोध देती रचना!!

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  16. मुबारक उसे जश्ने-होली हो जिसने,
    मुहब्बत के रंगों में रूहें डुबोली.

    कुंवर जी वाह...होली के मुबारक अवसर पर बेहद खूबसूरत ग़ज़ल कही है आपने...दिली दाद कबूल करें...

    नीरज

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  17. जबरदस्त ...आप को हमेश ही पढ़ता हूँ...पर समयाभाव ...टिपण्णी नहीं दे पता ..ड्यूटी ही ऐसा है ! आप और आप के परिवार को होली की शुभ कामनाये !.जरुर पढ़े...पत्नी का अपहरण... और अपने राय बताये ?

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  18. होली की एक बेहद खूबसूरत गज़ल्………रंगो मे सराबोर्………होली की हार्दिक शुभकामनायें।

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  19. होली पर बेहतरीन ग़ज़ल...

    बड़ा नासमझ है जो होली के दिन भी-
    गुनाहों से भीगी ये चादर न धो ली......

    इस शेर में जीवन दर्शन छुपा है.. गर ऐसा हो जाये तो होली की सार्थकता बढ़ जाये..होली की हार्दिक शुभकामनायें।

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  20. मुबारक उसे जश्ने-होली हो जिसने,
    मुहब्बत के रंगों में रूहें डुबोली.....

    बहुत सुन्दर ....
    बेहतरीन ग़ज़ल...
    हर शे‘र में आपका निराला अंदाज झलक रहा है।

    होली की हार्दिक शुभकामनाएं !

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  21. बहुत सुन्दर ....

    होली पर बेहतरीन ग़ज़ल...

    होली की हार्दिक शुभकामनाएँ...

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  22. क्या बात है कुंवर जी । आपकी बात निराली है ।
    होली का मजा दूना । आपको होली की शुभकामनायें ।

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  23. न बच कर निकल पाओगे इस गली से,
    जो कल तक थी शर्मा रही आज बोली.
    .
    भाई आप कि गली से बच के निकालना इत भी आसान नहीं. आप लिखते ही गज़ब का हैं.
    होली की हार्दिक शुभकामनाएँ आप सभी को.

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  24. "मुबारक उसे जश्ने-होली हो जिसने,
    मुहब्बत के रंगों में रूहें डुबोली."
    "
    जिंदगी कुछ इस तरह रंगीन हो जाती है होली में..
    कोई शिकवा,गिला,नफरत न रहे इस बार होली में...!!
    होली मुबारक !!!!

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  25. हम अहले-वतन एक हैं एक रह कर,
    मानते रहेंगे 'कुँवर' ईद-होली.
    बहुत सुन्दर…होली पर बेहतरीन रचना..
    होली की हार्दिक शुभकामनायें..........

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  26. मुबारक उसे जश्ने-होली हो जिसने,
    मुहब्बत के रंगों में रूहें डुबोली.

    होली के अवसर पर बेहतरीन प्रस्‍तुति ।

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  27. मुबारक उसे जश्ने-होली हो जिसने,
    मुहब्बत के रंगों में रूहें डुबोली.

    बहुत खूबसूरत गज़ल ...सन्देश देती हुई ...होली की शुभकामनायें

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  28. "लिबासों में होते हुए बरहना है
    गनीमत है ये,कोई नीयत न डोली "
    वाह कुसुमेश जी ! कितने सलीके से कह गए ......अति सुन्दर

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  29. bahut sunder gajal hai...
    holi ki shubhkamnaye........

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  30. जीवन के बहुत सारे रंगो से सराबोर है ये होली ।
    आपको हओली की बहुत बहुत शुभकामनाये

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  31. कुंवर जी..
    होली की अग्रिम बधाई स्वीकारें
    आप सभी को होली की शुभकामनायें..
    शुभ होली

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  32. आप सब को होली की हार्दिक मंगलकामनाएं.

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  33. बड़ा नासमझ है जो होली के दिन भी-
    गुनाहों से भीगी ये चादर न धो ली.

    बहुत सार्थक भाव...होली के अवसर पर लाज़वाब गज़ल..होली की हार्दिक शुभकामनायें!

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  34. हम अहले-वतन एक हैं एक रह कर,
    मानते रहेंगे 'कुँवर' ईद-होली.

    काश यूं ही प्रेम भाव से होली मनाते रहें....
    होली की बहुत-बहुत शुभकामनाएं....

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  35. होली के अवसर पर बेहतरीन प्रस्‍तुति । हवे अ गुड डे ! मेरे ब्लॉग पर आये !
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  36. हैप्पी होली जी ... हैप्पी होली !
    बहुत सुन्दर रचना !

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  37. प्रेम और सौहार्द्र का प्रतीक होली पर्व के मर्म को बखूबी समेटे यह ग़ज़ल उत्कृष्ट है। धन्यवाद|

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  38. बहुत सुन्दर ....

    होली पर बेहतरीन ग़ज़ल...

    होली की हार्दिक शुभकामनाएँ...

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  39. हम अहले-वतन एक हैं एक रह कर,
    मानते रहेंगे 'कुँवर' ईद-होली.

    बहुत सुंदर होली ग़ज़ल
    आप सभी होली की हार्दिक शुभकामनाये
    ब्लॉग पर अनियमितता होने के कारण आप से माफ़ी चाहता हूँ

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  40. बड़ा नासमझ है जो होली के दिन भी,
    गुनाहों से भीगी ये चादर न धो ली।

    बहुत सुंदर,
    होली के रंग से भीगी इस ग़ज़ल का सबसे खू़बसूरत शेर है यह, आध्यात्मिकता का रंग है इसमें।
    शानदार ग़ज़ल।
    होली की अशेष शुभकामनाएं।

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  41. हम अहले-वतन एक हैं एक रह कर,
    मानते रहेंगे 'कुँवर' ईद-होली
    bahut sunder

    holi mubarik

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  42. aapki phir ek shandar rachna

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  43. बड़ा नासमझ है जो होली के दिन भी-
    गुनाहों से भीगी ये चादर न धो ली.

    होली के रंग से भीगी खू़बसूरत ग़ज़ल ......शुभकामनाएं..

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  44. सुन्दर गजल रची है आपने!
    होली की बहुत-बहुत शुभकामनाएँ!
    --
    वतन में अमन की, जागर जगाने की जरूरत है,
    जहाँ में प्यार का सागर, बहाने की जरूरत है।
    मिलन मोहताज कब है, ईद, होली और क्रिसमस का-
    दिलों में प्रीत की गागर, सजाने की जरूरत है।।

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  45. बड़ा नासमझ है जो होली के दिन भी-
    गुनाहों से भीगी ये चादर न धो ली.

    यूँ तो सारे शेर जबरदस्त है. लेकिन यह तो होली के त्यौहार को सबसे सुंदर तरीके से परिभाषित करता है. बहुत उम्दा गज़ल.

    होली की हार्दिक शुभकामनाएँ.

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  46. बहुत हसीन ओर चंचल हे यह होली तो:) धन्यवाद

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  47. लिबासों में होते हुए बरहना है,
    ग़नीमत है ये,कोई नीयत न डोली.

    वाह! क्या खूबसूरत गजल कही है आपने !. ..........
    होली की हार्दिक शुभकामनाएँ.

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  48. न बच कर निकल पाओगे इस गली से,
    जो कल तक थी शर्मा रही आज बोली

    बहुत उम्दा.
    आप को होली की शुभ कामनाएं.

    बड़ा नासमझ है जो होली के दिन भी-
    गुनाहों से भीगी ये चादर न धो ली

    बहुत खूब.

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  49. आपको एवं आपके परिवार को होली की हार्दिक शुभकामनायें!

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  50. bahut aacha likha apne.......really very good...

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  51. bhut sunadar..sir.... Happy happy holi to you and your Family.......................................:-)

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  52. आपको होली की हार्दिक शुभकामनाएँ...
    holi par bahut achhi post

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  53. मुबारक उसे जश्ने-होली हो जिसने,
    मुहब्बत के रंगों में रूहें डुबोली.
    ye lines bahut achhi lagi........

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  54. आप को सपरिवार होली की हार्दिक शुभ कामनाएं.

    सादर

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  55. मुबारक उसे जश्ने-होली हो जिसने,
    मुहब्बत के रंगों में रूहें डुबोली.
    waah bahut khoob ,aapko rang-parv ki badhai .

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  56. bahut khubsurat rachna
    होली वही जो स्वाधीनता की आन बन जाये
    होली वही जो गणतंत्रता की शान बन जाये
    भरो पिचकारियों में पानी ऐसे तीन रंगों का
    जो कपड़ो पर गिरे तो हिंदुस्तान बन जाये
    होली की हार्दिक शुभकामनाये

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  57. इस खूबसूरत रचना पर तो होली के रंगों की तरह रंग-बिरंगी टिप्पणियों की बौछार हो रही है . मेरी ओर से भी रंगीन शुभकामनाएं .

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  58. न बच कर निकल पाओगे इस गली से,
    जो कल तक थी शर्मा रही आज बोली.

    क्या बात है कुसुमेश भाई आनंद आ गया ! यह सरल भाव दिल को छू गए !
    होली की शुभकामनायें स्वीकार करें !!

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  59. हम अहले-वतन एक हैं एक रह कर,
    मानते रहेंगे 'कुँवर' ईद-होली.
    Behad sundar bhaav!
    Holee kee dheron shubhkamnayen!

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  60. आपको भी होली की रंगभरी शुभकामनाएं |

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  61. आपको भी होली की शुभकामनाएं |

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  62. रंग उडाये पिचकारी
    रंग से रंग जाये दुनिया सारी

    होली के रंग
    आपके जीवन को रंग दे,
    ये शुभकामनाये है हमारी.....
    regards

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  63. मुबारक उसे जश्ने-होली हो जिसने,
    मुहब्बत के रंगों में रूहें डुबोली.
    बहुत सुन्दर असली होली तो यही है। आपको सपरिवार होली की हार्दिक शुभकामनायें।

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  64. आप को होली की हार्दिक शुभकामनाएं । ठाकुरजी श्रीराधामुकुंदबिहारी आप के जीवन में अपनी कृपा का रंग हमेशा बरसाते रहें।

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  65. होली के पर्व की अशेष मंगल कामनाएं। ईश्वर से यही कामना है कि यह पर्व आपके मन के अवगुणों को जला कर भस्म कर जाए और आपके जीवन में खुशियों के रंग बिखराए।
    आइए इस शुभ अवसर पर वृक्षों को असामयिक मौत से बचाएं तथा अनजाने में होने वाले पाप से लोगों को अवगत कराएं।

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  66. होली की आपको बहुत बहुत शुभकामनाएं...

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  67. आपको सपरिवार होली की हार्दिक शुभकामनायें।

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  68. बहुत सुन्दर कविता ! उम्दा प्रस्तुती! ! बधाई!
    आपको एवं आपके परिवार को होली की हार्दिक शुभकामनायें!

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  69. बहुत ही सुंदर नज्में . ....होली की हार्दिक शुभकामनायें

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  70. बहुत सुन्दर रचना
    होली की हार्दिक शुभकामनायें।


    http://rimjhim2010.blogspot.com/2011/03/blog-post_19.html

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  71. बहुत बढिया ...
    होली शुभ हो ....

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  72. आपको होली की शुभकामनाएँ
    प्रहलाद की भावना अपनाएँ
    एक मालिक के गुण गाएँ
    उसी को अपना शीश नवाएँ

    मौसम बदलने पर होली की ख़शियों की मुबारकबाद
    सभी को .

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  73. प्रशंसनीय.........लेखन के लिए बधाई।
    ===================
    "हर तरफ फागुनी कलेवर हैं।
    फूल धरती के नए जेवर हैं॥
    कोई कहता है, बाबा बाबा हैं-
    कोई कहता है बाबा देवर है॥"
    ====================
    क्या फागुन की फगुनाई है।
    डाली - डाली बौराई है॥
    हर ओर सृष्टि मादकता की-
    कर रही मुफ़्त सप्लाई है॥
    =============================
    होली के अवसर पर हार्दिक मंगलकामनाएं।
    सद्भावी -डॉ० डंडा लखनवी

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  74. "इस होली में सदभावना के रंग मिला कर रंग देना हर गाल,
    ना वैर रहे मन में किसी के, ना रहे मन को किसी से मलाल."
    होली की हार्दिक शुभकामनायें

    "रजनी नैय्यर मल्होत्रा"

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  75. बहुत सुन्दर प्रस्तुति
    आपको सपरिवार होली की हार्दिक शुभकामनाएं

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  76. आपको सपरिवार होली की हार्दिक शुभकामनाएं

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  77. badee shaandaar damdaar zaandar bhavo ke sabhee rang liye ye gazal vicharo se holi khel gayee .

    bahut dino se blogjagat se tatasthta akhree par sehat ka dhyaan rakhana bhee jarooree tha nuksaan mera hee hua hai acchee rachanao ko padne se vanchit jo rahna pada.

    der aae durust aae.

    shubhkamnae.

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  78. आपको और समस्त परिवार को होली की हार्दिक बधाई और मंगल कामनाएँ ....

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  79. रंग-पर्व पर हार्दिक बधाई.

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  80. नेह और अपनेपन के
    इंद्रधनुषी रंगों से सजी होली
    उमंग और उल्लास का गुलाल
    हमारे जीवनों मे उंडेल दे.

    आप सभी को सपरिवार होली की ढेरों शुभकामनाएं.
    सादर
    डोरोथी.

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  81. बड़ा नासमझ है जो होली के दिन भी-
    गुनाहों से भीगी ये चादर न धो ली.
    क्या बात है कुंवर जी. बहुत सुन्दर शेर है. होली तो एक मौका है, मेल-मिलाप का, पिछली रंजिशें भूलने का, और गुनाहों के प्रायश्चित का भी.

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  82. होली के पावन अवसर पर
    बहुत ही सार्थक और उत्तम विचारों से
    ओत प्रोत भावांजली से साक्षात्कार करवाया आपने
    आज के समय के लिए
    बहुत आवश्यक और महत्त्वपूर्ण सन्देश.... !

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  83. Sundar rachana......holi ki hardik shubhkamnaye

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  84. न बच कर निकल पाओगे इस गली से,
    जो कल तक थी शर्मा रही आज बोली.

    waah........sir is se achhi holi aur kya hogi......mast laga.....!!!

    holi ki shubhkaamnayen...

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